इंफाल, 10 अप्रैल 2026
मणिपुर में जारी संवेदनशील स्थिति के बीच भारतीय सेना ने शांति और सुरक्षा का भरोसा दिलाने के लिए अपने प्रयासों को और तेज कर दिया है। सेना की रेड शील्ड डिवीजन (Red Shield Division) के जनरल ऑफिसर कमांडिंग (GOC) ने हाल ही में राज्य के सबसे दूरस्थ और तनावग्रस्त इलाकों का दौरा कर स्थानीय समुदायों के साथ सीधा संवाद स्थापित किया।
1. समुदायों के बीच विश्वास बहाली की कोशिश
सेना अधिकारी ने सीनाकैथी और तिंगपिबुंग जैसे संवेदनशील गांवों का दौरा किया। इन क्षेत्रों की भौगोलिक और सामाजिक स्थिति काफी जटिल है:
- विविधता: यहाँ तांगखुल नागा और कुकी समुदाय के लोग रहते हैं।
- सीधा संवाद: GOC ने गांव के प्रमुखों और सामाजिक संगठनों से मिलकर उनकी सुरक्षा संबंधी चिंताओं को सुना।
- निष्पक्षता का वादा: सेना ने स्पष्ट किया कि उनकी भूमिका पूरी तरह निष्पक्ष है और उनका एकमात्र उद्देश्य प्रत्येक नागरिक की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
2. कानून-व्यवस्था और पुलिस की कार्रवाई
शांति वार्ता के साथ-साथ उपद्रवियों के खिलाफ पुलिस और सुरक्षा बल सख्त रुख अपना रहे हैं:
- गिरफ्तारियाँ: पुलिस ने कर्फ्यू के उल्लंघन और सुरक्षा बलों पर हमला करने के आरोप में 6 लोगों को गिरफ्तार किया है। इन पर हथियार छीनने के प्रयास का भी गंभीर आरोप है।
- सुरक्षा चक्र: राज्य भर में 113 नाके और चेकपोस्ट स्थापित किए गए हैं। विशेष रूप से इम्फाल-जिरीबाम हाईवे (NH-37) पर आवश्यक सामग्री ले जाने वाले ट्रकों को कड़ी सुरक्षा में निकाला जा रहा है।
3. नशे और अवैध गतिविधियों पर प्रहार
सुरक्षा बलों ने कानून-व्यवस्था के अलावा अपराध नियंत्रण में भी बड़ी सफलता हासिल की है:
- नशीले पदार्थों की बरामदगी: एक विशेष अभियान के दौरान लगभग 4 करोड़ रुपये मूल्य की मेथामफेटामिन (Methamphetamine) टैबलेट्स जब्त की गईं। इस मामले में एक वाहन और मोबाइल उपकरण भी बरामद किए गए हैं।

