पालघर, 31 मार्च 2026
महाराष्ट्र के पालघर पुलिस ने एक बेहद पेचीदा और सनसनीखेज हत्याकांड का पर्दाफाश करते हुए केवल 8 घंटे के भीतर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। सोपारा फाटा के पास पेल्हार की झाड़ियों में मिले एक सिर कटे शव की पहचान मिटाने की हर संभव कोशिश की गई थी, लेकिन पुलिस की तत्परता और आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल ने इस ‘अंधे कत्ल’ की गुत्थी सुलझा दी। इस मामले में पुलिस ने मृतक के बिजनेस पार्टनर समेत दो आरोपियों को दबोचा है।
सीसीटीवी और ड्रोन तकनीक से मिली कामयाबी पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) सुहास बावचे के अनुसार, 30 मार्च की रात करीब 1 बजे प्लास्टिक के बोरे में बंद एक अज्ञात व्यक्ति का धड़ बरामद हुआ था। मृतक की पहचान राजस्थान के पाली निवासी 32 वर्षीय अशोक सिंह करम सिंह राजपूत के रूप में हुई। आरोपियों ने अशोक का सिर काटकर और मोबाइल फोन शिरसाठ फाटा के पास एक नदी में फेंक दिया था ताकि शिनाख्त न हो सके। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगालने के साथ-साथ नदी किनारे और झाड़ियों में सर्च ऑपरेशन के लिए ड्रोन कैमरों की मदद ली, जिससे कटा हुआ सिर और मोबाइल बरामद करने में सफलता मिली।
हत्या की वजह: पैसों का लेन-देन और रंजिश जांच में सामने आया कि अशोक और मुख्य आरोपी किराने के व्यवसाय में साझीदार (पार्टनर) थे। पिछले काफी समय से उनके बीच रुपयों के लेन-देन को लेकर विवाद चल रहा था। इसी रंजिश के चलते आरोपी ने अपने साथी के साथ मिलकर योजना बनाई:
- पहले अशोक पर बांस के डंडों से हमला कर उसे अधमरा कर दिया।
- पहचान छिपाने के लिए धारदार हथियार से उसका सिर धड़ से अलग कर दिया।
- शरीर पर चाकू से कई वार किए और धड़ को बोरे में भरकर झाड़ियों में फेंक दिया।
पेल्हार पुलिस की क्राइम डिटेक्शन टीम ने रिकॉर्ड समय में साक्ष्य जुटाकर आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है। पुलिस अब हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियारों और वारदात से जुड़ी अन्य कड़ियों को जोड़ने में जुटी है।

