कोलकाता | 25 मार्च, 2026
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 से पहले चुनाव आयोग (ECI) ने सुरक्षा बलों की निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए सख्त कदम उठाया है। मुर्शिदाबाद जिले के निमतिता इलाके में चुनावी ड्यूटी के दौरान एक इफ्तार पार्टी में शामिल होने के आरोप में 7 अर्धसैनिक बल के जवानों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की गई है। इनमें से दो जवानों को केंद्रीय बल की हिरासत (Custody) में भेज दिया गया है, जबकि पांच जवानों का राज्य से बाहर तबादला कर दिया गया है। आयोग ने यह कार्रवाई सोशल मीडिया पर वायरल हुई उन तस्वीरों के आधार पर की है, जिनमें जवान स्थानीय राजनीतिक प्रभाव वाले व्यक्तियों के साथ सामाजिक मेलजोल बढ़ाते नजर आए थे।
सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी तस्वीरें; स्थानीय नेताओं के साथ मेलजोल पड़ा भारी
कोलकाता | 25 मार्च, 2026
जांच में सामने आया कि ये जवान एक स्थानीय पंचायत प्रधान के पति द्वारा आयोजित इफ्तार कार्यक्रम में शामिल हुए थे। हालांकि, संबंधित जवानों ने सफाई देते हुए कहा कि यह कार्यक्रम बीएसएफ (BSF) कैंप के भीतर ही आयोजित था, लेकिन आयोग ने इसे नियमों का गंभीर उल्लंघन माना। चुनाव आयोग के कड़े दिशा-निर्देशों के अनुसार, चुनावी ड्यूटी पर तैनात किसी भी सुरक्षाकर्मी को स्थानीय लोगों या राजनीतिक प्रतिनिधियों के साथ सामाजिक कार्यक्रमों में शामिल होने या किसी भी प्रकार का आतिथ्य स्वीकार करने की मनाही है। आयोग ने स्पष्ट किया कि बलों की तटस्थता पर किसी भी तरह का संदेह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, क्योंकि उनकी प्राथमिक जिम्मेदारी भयमुक्त और निष्पक्ष चुनाव संपन्न कराना है।
पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: एक नज़र में
| विवरण | महत्वपूर्ण जानकारी |
| कुल विधानसभा सीटें | 294 |
| मतदान के चरण | 2 चरण (23 और 29 अप्रैल, 2026) |
| नतीजों की तारीख | 4 मई, 2026 |
| सुरक्षा बल तैनाती | लगभग 2,400 कंपनियां (CAPF) |
| निगरानी के उपाय | GPS ट्रैकिंग, बॉडी कैमरे और ड्रोन |

