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Tuesday, August 11, 2026

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मुंबई: ‘कभी अलविदा ना कहना’ के 20 साल पूरे होने पर करण जौहर का खुलासा, कहा—’तब लोग गुस्सा थे, आज बेहतर समझते हैं’

11 अगस्त 2006 को रिलीज हुई थी शाहरुख खान और रानी मुखर्जी की यह चर्चित फिल्म

मुंबई:

करण जौहर के निर्देशन में बनी ब्लॉकबस्टर फिल्म ‘कभी अलविदा ना कहना’ (Kabhi Alvida Naa Kehna) की रिलीज को 20 साल पूरे हो गए हैं। 11 अगस्त 2006 को सिनेमाघरों में आई यह फिल्म अपनी रिलीज के वक्त विवाह और बेवफाई (Infidelity) जैसे संवेदनशील विषय को लेकर काफी विवादों और तीखी प्रतिक्रियाओं में घिर गई थी। इस मील के पत्थर पर करण जौहर ने इंस्टाग्राम पर एक भावुक पोस्ट साझा कर रिलीज की रात के अपने कड़वे और डरावने अनुभवों को याद किया है।

शाहरुख खान, रानी मुखर्जी, अभिषेक बच्चन और प्रीति जिंटा स्टारर इस रोमांटिक ड्रामा ने रिलीज के समय दर्शकों को दो हिस्सों में बांट दिया था।

पेड प्रीव्यू के दौरान दर्शकों का गुस्सा और करण जौहर का अनुभव

करण जौहर ने इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए फिल्म रिलीज से एक रात पहले का किस्सा साझा किया:

  • पॉपकॉर्न छूटने का वाकया: करण ने बताया कि वे चुपचाप थिएटर में बैठे थे। जब देव (शाहरुख) और माया (रानी) का लिफ्ट वाला सीन आया, तो उनके पास बैठा एक दंपति हैरान रह गया और गुस्से में फिल्म बीच में छोड़कर बाहर चला गया।
  • तलाक और पारिवारिक मूल्यों का ताना: स्क्रीनिंग के बाद एक महिला ने अपनी बेटी के साथ करण को रोककर नाराजगी जताई और कहा कि वह अपनी बेटी को पारिवारिक मूल्यों वाली खुशमिजाज फिल्म दिखाने लाई थी, लेकिन इस कंटेंट से वह दुखी हुई हैं। करण ने लिखा कि उन्हें उस समय इतना डर लगा कि वे वहां से तुरंत निकल गए।
  • एयरपोर्ट लाउंज का वाकया: कुछ हफ्तों बाद उन्हें एक महिला मिली, जिसने कहा कि उसने फिल्म बहुत पसंद की लेकिन अपने पति से डरकर झूठ बोला कि उसे फिल्म अच्छी नहीं लगी।

फिल्म का मुख्य संदेश और आज की पीढ़ी की समझ

पहलूविवरण / करण जौहर का दृष्टिकोण
बेवफाई पर रुखकरण जौहर ने स्पष्ट किया कि फिल्म ने बेवफाई (Extramarital Affair) का समर्थन नहीं किया, बल्कि यह दिखाया कि शादी के बाहर प्यार की तलाश परिवार की नींव को तबाह कर सकती है।
20 साल बाद का बदलावकरण ने लिखा कि दो दशकों बाद आज कई लोग उनसे मिलकर कहते हैं कि वे 2006 में फिल्म के सार को नहीं समझ पाए थे, लेकिन अब जिंदगी के अनुभवों के साथ इसे बेहतर ढंग से समझते हैं।

‘कभी अलविदा ना कहना’ भले ही अपने समय से आगे का विषय मानी गई थी, लेकिन 20 साल बाद भी इसके संगीत, अभिनय और विषय वस्तु को लेकर बॉलीवुड में चर्चा बनी रहती है।

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