28.3 C
Mumbai
Friday, August 14, 2026

आपका भरोसा ही, हमारी विश्वसनीयता !

हवाई यात्रियों को राहत: जेट ईंधन की कीमतों पर केंद्र ने लगाई 25% की कैप, ऑटो एलपीजी संकट के बीच पेट्रोल के उपयोग की सलाह

नई दिल्ली, 3 अप्रैल 2026

देश में हवाई सफर करने वाले यात्रियों के लिए केंद्र सरकार ने एक बड़ा राहत भरा फैसला लिया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव के बीच, सरकार ने घरेलू उड़ानों के लिए जेट ईंधन (ATF) की कीमतों में मासिक वृद्धि की एक ऊपरी सीमा (Cap) तय कर दी है। नए आदेश के अनुसार, अब जेट ईंधन की कीमत में हर महीने अधिकतम 25% तक ही बढ़ोतरी की जा सकेगी।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने की सराहना रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस कदम का स्वागत करते हुए कहा कि यह यात्रियों के हितों की रक्षा के लिए उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा, “इस फैसले से यात्रियों को अचानक बढ़ने वाले हवाई किराये (Airfare) के झटके से सुरक्षा मिलेगी और विमानन क्षेत्र में स्थिरता आएगी।” गौरतलब है कि जेट ईंधन की कीमतें कुल परिचालन लागत का लगभग 40% हिस्सा होती हैं, और इस सीमा से एयरलाइंस द्वारा वसूले जाने वाले ‘फ्यूल सरचार्ज’ पर लगाम लगेगी।

ऑटो एलपीजी का संकट और वैकल्पिक समाधान ईंधन क्षेत्र से जुड़ी एक अन्य महत्वपूर्ण जानकारी में सरकार ने स्वीकार किया है कि निजी ऑपरेटर्स को ऑटोमोबाइल एलपीजी (Auto LPG) की आपूर्ति में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। आपूर्ति श्रृंखला में बाधाओं और खरीद में आ रही दिक्कतों के कारण ऑटो एलपीजी की उपलब्धता कम हुई है।

  • सरकार की सलाह: दोहरी ईंधन (Dual-fuel) प्रणाली वाली गाड़ियों (जो पेट्रोल और एलपीजी दोनों पर चलती हैं) के मालिकों को सलाह दी गई है कि जहाँ संभव हो, वे पेट्रोल का उपयोग करें।
  • उद्देश्य: इसका उद्देश्य एलपीजी की कमी के दौरान सार्वजनिक परिवहन और आवश्यक सेवाओं में होने वाली असुविधा को कम करना है।

पश्चिम एशिया संकट का असर विमानन और ऊर्जा क्षेत्र के विशेषज्ञों का मानना है कि ये फैसले पश्चिम एशिया (मिडल ईस्ट) में जारी तनाव के मद्देनजर लिए गए हैं, ताकि घरेलू बाजार में ऊर्जा संकट और महंगाई को नियंत्रित रखा जा सके। हाल ही में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने एक उच्च स्तरीय बैठक कर 24 घंटे निगरानी का प्लान भी तैयार किया है ताकि अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों का असर भारतीय उपभोक्ताओं पर कम से कम पड़े।

ताजा खबर - (Latest News)

Related news

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here