सरकारी तंत्र और पुलिस के दुरुपयोग का दावा, डीएम और बीडीओ के जरिए डराने का लगाया आरोप
कोलकाता: पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) प्रमुख ममता बनर्जी ने रविवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक लाभ हासिल करने के लिए बड़े पैमाने पर धनबल और धमकियों का सहारा लिया जा रहा है। ममता बनर्जी ने दावा किया कि लोकतांत्रिक मर्यादाओं को ताक पर रखकर आम जनता और राजनीतिक कार्यकर्ताओं को प्रभावित करने का प्रयास किया जा रहा है।
टीएमसी प्रमुख ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक विस्तृत बयान जारी करते हुए कहा कि राज्य में पार्टी कार्यकर्ताओं को लगातार निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कार्यकर्ताओं के खिलाफ पुलिसिया ज्यादतियों में अप्रत्याशित रूप से बढ़ोतरी हुई है और सरकारी मशीनरी का खुलकर दुरुपयोग किया जा रहा है। प्रशासनिक अधिकारी निष्पक्ष भूमिका निभाने के बजाय दबाव बनाने का जरिया बन रहे हैं।
ममता बनर्जी ने विशेष रूप से जिला स्तर के शीर्ष प्रशासनिक ढांचे पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि जिला मजिस्ट्रेट (डीएम), प्रखंड विकास अधिकारी (बीडीओ) और पुलिस अधीक्षकों (एसपी) का इस्तेमाल लोगों में खौफ पैदा करने और उन्हें डराने-धमकाने के लिए किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि जनसेवा के लिए जिम्मेदार अधिकारियों को राजनीतिक दबाव में औजार की तरह इस्तेमाल किया जा रहा है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने यह भी दावा किया कि शनिवार के बाद से पुलिस की बर्बरता और प्रशासनिक उत्पीड़न की घटनाओं में काफी इजाफा देखने को मिला है। विभिन्न क्षेत्रों से पार्टी कार्यकर्ताओं को बेवजह परेशान किए जाने और उन्हें झूठे मामलों में फंसाने की धमकियां दिए जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं, जो सीधे तौर पर नागरिक अधिकारों का हनन है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि इस प्रकार के अनुचित हथकंडों और प्रशासनिक दबाव के बावजूद तृणमूल कांग्रेस पीछे हटने वाली नहीं है। ममता बनर्जी ने जनता से लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए सजग रहने का आह्वान किया और कहा कि राजनीतिक साजिशों और धमकियों का मुकाबला पूरी मजबूती से जनता के बीच रहकर किया जाएगा।

