हैदराबाद: आंध्र प्रदेश के नवनियुक्त उपमुख्यमंत्री और जनसेना पार्टी (JSP) के प्रमुख पवन कल्याण की तेलंगाना में होने वाली पहली बड़ी जनसभा पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं। हैदराबाद में कल आयोजित होने वाली इस हाई-प्रोफाइल सभा को स्थानीय पुलिस ने कानून-व्यवस्था और सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए अनुमति देने से साफ इनकार कर दिया है। जनसेना पार्टी की तेलंगाना प्रदेश इकाई ने इस प्रशासनिक फैसले की आधिकारिक पुष्टि की है। पुलिस से अनुमति न मिलने के बाद पार्टी ने अब इस रोक के खिलाफ सीधे तेलंगाना हाई कोर्ट का रुख किया है।
‘तेलंगाना नवनिर्माण संकल्प सभा’ पर मचा सियासी घमासान
पवन कल्याण की इस विशेष जनसभा का नाम ‘तेलंगाना नवनिर्माण संकल्प सभा’ रखा गया है, जिसके जरिए जनसेना पार्टी पड़ोसी राज्य तेलंगाना में भी अपनी राजनीतिक जमीन को मजबूत करने की तैयारी में है। आंध्र के डिप्टी सीएम बनने के बाद पवन कल्याण का यह पहला बड़ा तेलंगाना दौरा है, जिसे लेकर उनके प्रशंसकों और पार्टी कार्यकर्ताओं में जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा था। हालांकि, आखिरी वक्त पर पुलिस द्वारा परमिशन रद्द किए जाने से समर्थकों में भारी निराशा और आक्रोश है।
अब तेलंगाना हाई कोर्ट के फैसले पर टिकी नजरें
जनसेना पार्टी के एक वरिष्ठ नेता ने मीडिया को बताया कि पुलिस प्रशासन का यह रवैया पूरी तरह से राजनीति से प्रेरित है। उन्होंने कहा, “हमने सभा के आयोजन के लिए सभी तय नियमों का पालन किया था, फिर भी अनुमति नहीं दी गई। हम न्याय के लिए माननीय हाई कोर्ट पहुंचे हैं और अदालत के फैसले का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।” पार्टी सूत्रों के मुताबिक, हाई कोर्ट की विशेष सुनवाई के बाद जो भी कानूनी आदेश आएगा, उसके आधार पर ही सभा की अगली तारीख या कार्यक्रम की आगे की रणनीति और रूपरेखा साझा की जाएगी। फिलहाल, सभी राजनीतिक विश्लेषकों और फैंस की नजरें कोर्ट के आने वाले फैसले पर टिकी हैं।

