बेंगलुरु/नई दिल्ली: कर्नाटक की सियासत में एक बड़े अध्याय की शुरुआत होने जा रही है। राज्य के दिग्गज नेता डीके शिवकुमार बुधवार को कर्नाटक के नए मुख्यमंत्री के रूप में पद और गोपनीयता की शपथ लेंगे। मुख्यमंत्री बनने से ठीक एक दिन पहले, मंगलवार (2 जून 2026) को शिवकुमार ने राज्य के समग्र विकास और अपनी भावी प्राथमिकताओं को लेकर देश के सामने अपने विचार साझा किए। उन्होंने दो टूक कहा कि वे पूरी ईमानदारी, निष्ठा और समर्पण के साथ काम करेंगे तथा समाज के हर वर्ग को साथ लेकर आगे बढ़ेंगे।
सिद्धारमैया के इस्तीफे के बाद खुला रास्ता; तीन साल बाद हुआ नेतृत्व परिवर्तन
कर्नाटक में कांग्रेस सरकार के तीन साल का कार्यकाल पूरा होने के बाद तय फॉर्मूले के तहत यह बड़ा नेतृत्व परिवर्तन (Leadership Change) हुआ है। लंबे समय से चल रही राजनीतिक अटकलों पर विराम लगाते हुए पिछले हफ्ते सिद्धारमैया ने मुख्यमंत्री पद से अपना इस्तीफा सौंप दिया था, जिसके बाद तत्कालीन उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार के मुख्यमंत्री बनने का रास्ता पूरी तरह साफ हो गया। बीते शनिवार को उन्हें सर्वसम्मति से कांग्रेस विधायक दल (CLP) का नेता चुन लिया गया था। शिवकुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री पद तक पहुंचना कोई अचानक देखा गया सपना नहीं है, बल्कि यह उनके वर्षों के कड़े समर्पण और जमीनी मेहनत का परिणाम है।
गांधी परिवार के प्रति अटूट निष्ठा और ‘बेंगलुरु’ का वैश्विक महत्व
कांग्रेस नेतृत्व से मिले अवसरों और जिम्मेदारियों का भावुकता से जिक्र करते हुए डीके शिवकुमार ने कहा कि गांधी-नेहरू परिवार ने हमेशा उन पर अटूट भरोसा जताया है, इसलिए संगठन के प्रति पूरी तरह वफादार रहना उनका परम कर्तव्य है। उन्होंने सोनिया गांधी और राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री पद का त्याग कर जनता के बीच संघर्ष करने के ऐतिहासिक फैसलों को याद किया।
कर्नाटक की वैश्विक छवि पर बात करते हुए भावी मुख्यमंत्री ने कहा, “पूरी दुनिया आज भारत को बेंगलुरु और कर्नाटक के चश्मे से देखती है। इसलिए इस आईटी हब और राज्य को एक नई व आधुनिक दिशा देना मेरी सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। आगे की राह भले ही आसान नहीं है, लेकिन किसान, महिलाएं और युवाओं के सहयोग से कर्नाटक में विकास का एक नया ‘युवा युग’ शुरू होगा।”
नई दिल्ली में कैबिनेट गठन को लेकर खरगे-राहुल संग महामंथन
इस बीच, कर्नाटक की नई कैबिनेट के गठन की रूपरेखा तैयार करने के लिए नई दिल्ली में राजनीतिक सरगर्मियां तेज रहीं। मंगलवार को कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने डीके शिवकुमार और सिद्धारमैया के साथ एक बेहद अहम और लंबी बैठक की। इस हाई-प्रोफाइल बैठक में नए मंत्रियों के नामों, कैबिनेट के सामाजिक समीकरणों और आगामी राज्यसभा चुनाव के संभावित उम्मीदवारों की सूची को अंतिम रूप देने पर गहन चर्चा की गई।

